दक्षिण एशियाई देशों को भारत का बड़ा नजराना, लॉन्च होगा 'सैटेलाइट'पूनम पुरोहित मंथन न्यूज़ दिल्ली -मन की बात के 31वें संस्करण में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जानकारी दी कि पांच मई को दक्षिण एशिया सैटेलाइट लॉन्च होगा. इससे बहुत फ़ायदा मिलेगा. यह भारत की ओर से दक्षिण एशियाई देशों को बड़ा नजराना है.

रविवार को मोदी ने प्रोग्राम में भारतीय युवाओं की जमकर तारीफ़ की और कहा, देशभर में कोने-कोने में शक्तियों का अंबार है. हालांकि उन्होंने युवाओं को कम्फर्ट जोन से बाहर निकलने की भी सलाह दी.

इस दौरान मोदी ने महाराष्ट्र और गुजरात के दिवस की बधाई भी दी. उन्होंने कहा, देश को 2022 तक आगे लेकर जाना है.
1 )संत रामानुजाचार्य की स्मृति में स्टैम्प
मोदी ने बताया कि एक मई को संत रामानुजाचार्य की याद में भारत सरकार स्टैम्प जारी करेगा. बाबा साहब आम्बेडकर का भी जिक्र करते हुए श्रमिकों के कल्याण के लिए उनके योगदान को महत्वपूर्ण बताया.

2)बुद्ध के विचार प्रासंगिक

मोदी ने बुद्ध को दुनिया के लिए प्रासंगिक बताया. उन्होंने बताया, दुनिया में शस्त्रों की जो होड़ और अशांति हैउससे बचने का रास्ता बुद्ध में ही है.

3)जलवायु परिवर्तन बड़ी समस्या

प्रधानमंत्री ने जलवायु परिवर्तन को बड़ी समस्या बताया. उन्होंने सामूहिक रूप से प्रकृति और पंछियों को बचाने की अपील की. बोहरा समुदाय के धर्म गुरु का जिक्र करते हुए प्रकृति के लिए प्रयास करने को कहा.

4)कम्फर्ट जोन से बाहर निकले युवा
मोदी ने कहा, युवाओं को कम्फर्ट जोन से बाहर निकलना चाहिए. देश की विविधता जानने के लिए एक बार जनरल टिकट लेकर ट्रेन में 24 घंटे यात्रा करें. किसी नई जगह जाए तो नया अनुभव हासिल होगा. गरीब बच्चों के साथ वक्त बिताए. छुट्टियों का उपयोग करें. अपने भीतर के मानवीय गुणोंको देखें - चेक करें, कहीं उससे दूर तो नहीं जा रहे हैं.

5)ढर्रे से बाहर निकलें युवा

प्रधानमंत्री ने कहा तकनीकी दूरियां कम करने के लिए आई हैं. लोगों से जुड़े और नई-नई चीजें सीखें. नई भाषाएं सीखें. नए प्रयोग करें. ये जीवन को एक ढर्रे से बाहर निकालने वाली साबित होंगी. मोदी ने कहा, जीवन को बनाने का यही बेहतर अवसर है. उन्होंने कहा, कुछ न कुछ ऐसी चीजें आप जो नहीं जानते हैं उन्हें जानने का प्रयास करें. इससे विकास के लिए बेहतर अवसर मिलेगा.

6) वीआईपी कल्चर 
मोदी ने वीआईपी कल्चर की आलोचना की. उन्होंने कहा, अभी तो वाहनों से लाल बत्ती निकल गई है, लेकिन लोगों के दिमाग में ये बना हुआ है. इसे बाहर निकालना है. जबलपुर से शिवा चौबे नाम की महिला का जिक्र करते हुए उन्होंने उसकी फोन कॉल भी सुनाया.

7) लोगों को भीम एप से जोड़े
प्रधानमंत्री ने कहा, भीम एप से छात्र जुड़े और सीखने के साथ कमाई भी करें. उन्होंने कहा, आप ज्यादा से ज्यादा लोगों को भीम एप से जोड़कर छुट्टियों में कमाई कर सकते हैं.

सातवां वेतन आयोग : वित्त मंत्रालय ने जारी किया यह ताज़ा बयानपूनम पुरोहित मंथन न्यूज़ दिल्ली - सातवें वेतन आयोग (7th Pay Commission) को केंद्र सरकार ने पिछले साल 29 जून  को स्वीकार कर लिया था और घोषणा की थी कि यह वेतन वृद्धि 1 जनवरी 2016 से लागू होगी. लेकिन, वेतन आयोग (7वां सीपीसी) की रिपोर्ट के लागू होने के साथ ही उससे जुड़ी विसंगतियों को लेकर केंद्रीय कर्मचारियों ने अपना विरोध जताया और सरकार के साथ बातचीत के लिए तीन समितियों का गठन किया गया. इनमें से एक समिति के पास भत्तों से जुड़ा मुद्दा था.  इस समिति ने अपनी रिपोर्ट केंद्रीय वित्तमंत्री को सौंप दी है. वित्त मंत्रालय ने इस संबंध में एक बयान जारी किया है. 

वित्त मंत्रालय द्वारा जारी पूरा बयान  -

वित्‍त सचिव एवं सचिव (व्‍यय) अशोक लवासा की अध्‍यक्षता में भत्‍तों पर गठित समिति ने अपनी रिपोर्ट हाल ही में केन्‍द्रीय वित्‍तमंत्री अरुण जेटली को सौंपी है. अब रिपोर्ट को सचिवों की उच्‍चाधिकार प्राप्‍त समिति के समक्ष रखा जाएगा, ताकि कैबिनेट की मंजूरी के लिए उपयुक्‍त प्रस्‍ताव तैयार किया जा सके.

सातवें केन्‍द्रीय वेतन आयोग (7thCPC) द्वारा भत्‍तों पर पेश की गई सिफारिशों पर गौर करने के लिए भारत सरकार के वित्‍त मंत्रालय द्वारा भत्‍तों पर गठित की गई समिति ने अपनी रिपोर्ट केन्‍द्रीय वित्‍त मंत्री अरुण जेटली को सौंप दी. भारत सरकार के वित्‍त मंत्रालय में वित्‍त सचिव एवं सचिव (व्‍यय) अशोक लवासा इस समिति के अध्‍यक्ष थे और गृह, रक्षा, स्‍वास्‍थ्‍य एवं परिवार कल्‍याण, कार्मिक एवं प्रशिक्षण तथा डाक सचिव और रेलवे बोर्ड के चेयरमैन इसके सदस्‍य थे, जबकि संयुक्‍त सचिव (क्रियान्‍वयन प्रकोष्‍ठ) इसके सदस्‍य सचिव थे.

सातवें वेतन आयोग द्वारा वेतन, पेंशन एवं संबंधित मुद्दों पर पेश की गई सिफारिशों को केन्‍द्रीय मंत्रिमंडल द्वारा 29 जून, 2016 को दी गई मंजूरी को ध्‍यान में रखते हुए यह समिति गठित की गई थी. सातवें वेतन आयोग द्वारा भत्‍तों के ढांचे में व्‍यापक बदलाव लाने की सिफारिश और कर्मचारियों के विभिन्‍न संगठनों की ओर से पेश किये गये अनगिनत ज्ञापनों के साथ-साथ विभिन्‍न मंत्रालयों/विभागों द्वारा व्‍यक्‍त की गई आशंकाओं को ध्‍यान में रखते हुए यह समिति गठित करने का निर्णय लिया गया था. सातवें केन्‍द्रीय वेतन आयोग ने यह सिफारिश की थी कि कुल 196 भत्‍तों में से 52 भत्‍तों को पूरी तरह समाप्‍त कर दिया जाए और 36 भत्‍तों की पृथक पहचान समाप्‍त करते हुए उनका विलय अन्‍य भत्‍तों में कर दिया जाए.

सातवें वेतन आयोग द्वारा भत्‍तों पर पेश की गई सिफारिशों को लेकर विभिन्‍न हितधारकों की ओर से प्राप्‍त सभी ज्ञापनों पर समिति ने गौर किया. 70 भत्‍तों के संबंध में ज्ञापन एवं संशोधन के लिए मांग पत्र प्राप्‍त हुए, जिन पर समिति ने विस्‍तार से विचार-विमर्श किया है. ऐसा करते वक्‍त समिति ने राष्‍ट्रीय परिषद की स्‍थायी समिति (कर्मचारी पक्ष) के सभी सदस्‍यों, संयुक्‍त सलाहकार मशीनरी (जेसीएम) तथा रेलवे के विभिन्‍न कर्मचारी संगठनों के प्रतिनिधियों, डाक कर्मचारियों, डॉक्‍टरों, नर्सों और परमाणु ऊर्जा विभाग के प्रतिनिधियों से बातचीत की. समिति ने इसके साथ ही रक्षा बलों के प्रतिनिधियों, केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (सीएपीएफ) अर्थात सीआरपीएफ, सीआईएसएफ, बीएसएफ, आईटीबीपी, एसएसबी और असम राइफल्स के महानिदेशकों तथा आईबी एवं एसपीजी के वरिष्‍ठ अधिकारियों के साथ भी चर्चाएं कीं, ताकि उनके विचार जाने जा सकें. जैसा कि रिपोर्ट में बताया गया है, समिति ने कुल मिलाकर 15 बैठकें की थीं और विभिन्‍न ज्ञापनों पर गौर करने में अपर सचिव (व्‍यय विभाग) की अध्‍यक्षता वाले अधिकारियों के समूह ने इसकी सहायता की थी.

हितधारकों के साथ व्‍यापक विचार-विमर्श और विभिन्‍न ज्ञापनों पर गौर करने के बाद समिति ने सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों में कुछ विशेष संशोधन करने का सुझाव दिया है, ताकि सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों के पीछे दी गई दलीलों के साथ-साथ अन्‍य प्रशासकीय मजबूरियों के संदर्भ में हितधारकों द्वारा व्‍यक्‍त की गई चिंताएं दूर की जा सकें. ऐसे कुछ भत्‍तों में संशोधन करने का सुझाव दिया गया है, जो सार्वभौमिक तौर पर सभी कर्मचारियों पर लागू होते हैं. इसी तरह ऐसे कुछ अन्‍य भत्‍तों में भी संशोधन करने का सुझाव दिया गया है, जो विशिष्‍ट श्रेणियों के कर्मचारियों जैसे कि रेल कर्मियों, डाक कर्मियों, वैज्ञानिकों, रक्षा क्षेत्र के कर्मियों, डॉक्‍टरों एवं नर्सों इत्‍यादि पर लागू होते हैं.  

इस रिपोर्ट पर फिलहाल वित्‍त मंत्रालय के व्‍यय विभाग में विचार-विमर्श किया जा रहा है. सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों को परखने के लिए गठित की गई सचिवों की उच्‍चाधिकार प्राप्‍त समिति के समक्ष इस रिपोर्ट को रखा जाएगा, ताकि कैबिनेट की मंजूरी के लिए उपयुक्‍त प्रस्‍ताव तैयार किया जा सके. उल्‍लेखनीय है कि जहां एक ओर सातवें वेतन आयोग द्वारा वेतन एवं पेंशन पर पेश की गई सिफारिशों को कैबिनेट की मंजूरी के बाद लागू कर दिया गया है, वहीं दूसरी ओर भत्‍तों का भुगतान अब भी पुरानी दरों पर ही हो रहा है.

पूनम पुरोहित मंथन न्यूज़ गोरखपुर गोरखपुर -उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि केवल गोमाता की जय बोलने मात्र से गाय का संरक्षण नहीं होगा, बल्कि इसके लिए ईमानदारी से अपने स्तर से भी प्रयास किए जाने चाहिए. योगी ने राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ और भाजपा के अभिनन्दन समारोह में कार्यकर्ताओं से कहा कि गो माता की जय बोलने से गाय का संरक्षण नहीं हो पाएगा. जय बोलें लेकिन ईमानदारी से अपने स्तर से भी प्रयास करें, तभी गो माता बच पाएंगी.
सिर्फ गोमाता की जय बोलने से नहीं होगा गाय का संरक्षण : योगी आदित्यनाथ
उन्होंने गोवंश की सुरक्षा सम्बन्धी अपनी सरकार की प्राथमिकता को दोहराते हुए कहा कि गौकशी और गौतस्करी पर रोक लगाई गई है और इसके विरुद्ध काम करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी. योगी ने कहा कि अपने दायित्वों के प्रति हमें जागरुक होना होगा. हमें अपने बीच की कुरीतियों को दूर करना होगा.

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने हर जाति के महापुरुषों को जाति के आधार पर बांट दिया है. यह घोर पाप है. उन्होंने कहा कि वंदे मातरम ने आजादी के प्रति नई जान फूंकी है, लेकिन आज हम इसे दुर्भाग्य कहे कि इसे सांप्रदायिकता की राजनीति साथ जोड़ा गया है. हमें अपने महापुरुषों के प्रति जागरुक होने की जरूरत है. महापुरुषों के जन्मदिन पर दी जाने वाली छुट्टी खत्म करने का औचित्य बताते हुए योगी ने कहा कि उस दिन विद्यालयों में महापुरुषों के जीवन-दर्शन, व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर चर्चाएं की जाएंगी, जिससे आज की पीढ़ी उनके विषय में जानकारी प्राप्त कर सके.

योगी ने एक अन्य कार्यक्रम में कहा कि प्रिंट मीडिया की प्रासंगिकता कभी खत्म नहीं होगी. उसी प्रकार विजुअल मीडिया भी नए परिवेश में अपने महत्व को स्थापित कर रहा है, लेकिन अगर जनभावनाओं की अनदेखी की गई तो सोशल मीडिया इन दोनों को पछाड़ सकता है.

मुख्यमंत्री ने कहा कि आने वाले समय में यही एक बड़ी चुनौती है, इसलिए मीडिया को अपनी विश्वसनीयता बनाए रखनी होगी. अगर इस पर ध्यान नहीं दिया गया तो आने वाले समय में लोग अखबार नहीं पढ़ेंगे और टीवी भी नहीं देखेंगे, क्योंकि उनकी जेब में रखा एक मोबाइल फोन उन्हें सूचनाएं उपलब्ध करा देगा. सोशल मीडिया आजकल इतना महत्वपूर्ण हो गया है कि कुछ सेकेंड में सूचनाएं या खबरें करोड़ों लोगों तक पहुंच जाती हैं.

शरीयत में तीन तलाक का कोई प्रावधान नहीं है, इसका अंत होना चाहिए  : वेंकैया नायडू पूनम पुरोहित मंथन न्यूज़ -: तीन तलाक के मुद्दे पर चौतरफा चल रही चर्चाओं के बीच केंद्रीय मंत्री एम. वेंकैया नायडू ने जोर दे कर कहा कि तीन तलाक कोई धार्मिक मुद्दा नहीं है और शरीयत में इसका कोई प्रावधान नहीं है. 

नायडू ने कहा,‘तीन तलाक कोई धर्मिक मुद्दा नहीं है क्योंकि शरीयत में इसका कोई प्रावधान ही नहीं है. यह समानता का अधिकार और अन्य महिलाओं की ही भांति मुस्लिम महिलाओं के गरिमापूर्ण जीवन जीने के अधिकार का मामला है.’ उन्होंने कहा, ‘यह भेदभाव क्यों, इसका अंत किया जाना चाहिए और इसका राजनीतिकरण नहीं होना चाहिए.’ 

मोदी पर राजनीतिक माइलेज लेने के लिए इस मुद्दे का राजनीतिकरण करने के वरिष्ठ कांग्रेस नेता गुलाम नबी आजाद और मल्लिकार्जुन खड़गे के आरोपों पर उन्होंने कहा कि जो प्रधानमंत्री ने कहा उस पर मुस्लिम समुदाय को विचार करना चाहिए. भाजपा नेता ने सभी राजनीतिक पार्टियों से नकारात्मक राजनीति को समाप्त करने और सकारात्मक एंव रचनात्मक राजनीति में शामिल होने का संकल्प लेने की अपील की ताकि देश की उर्जाओं और लोगों का बेहतर इस्तेमाल किया जा सके.

Related image
पूनम पुरोहित मंथन न्यूज़ दतिया -कोई भी व्यक्ति आवास से वंचित नहीं रहेगा। सरकारी कर्मचारी और निजी लोगों को आवास सुविधा देने के लिए सरकार पूरा प्रयास कर रही है। इसी मंशा से कृषि उपज मंडी कर्मचारियों को भी आवास दिए जा रहे हैं ताकि वह सुविधाजनक तरीके से रहकर किसान हित में पूरे मन से काम कर सकें। यह बात जनसंपर्क मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा ने रविवार को कृषि मंडी प्रांगण में 1 करोड़ 60 लाख की लागत से बनने वाले कर्मचारी आवासों के शिलान्यास के दौरान कही। उन्होंने कहाकि मुख्यमंत्री भी एक किसान के बेटे हैं। इस वजह से वह किसानों के साथ-साथ किसान के हित में काम करने वाले सरकारी कर्मचारियों के लिए भी आवास की चिंता कर रहे हैं। मंत्री डॉ. मिश्रा ने कहा कि दतिया में चिकित्सकों एवं अस्पताल स्टाफ, पुलिस कर्मचारियों व बीडी मजदूरों के लिए आवास बनाकर दिए गए हैं। हमारा प्रसास है कि कोई भी व्यक्ति चाहे वह सरकारी हो या निजी आवासहीन न रहे। कार्यक्रम को पाठ्य पुस्तक निगम उपाध्यक्ष अवधेश नायक, नपाध्यक्ष सुभाष अग्रवाल, विपिन गोस्वामी, रामजी यादव ने भी संबोधित किया। कार्यक्रम का संचालन हरीओम सिंह यादव ने एवं आभार प्रदर्शन भरत यादव ने किया। इस अवसर पर भाजपा जिलाध्यक्ष विक्रम बुंदेला, मंडी अध्यक्ष प्रतिनिधि जीतू कमरिया, मंडी उपाध्यक्ष धीरू दांगी, योगेश सक्सेना, जिला पंचायत उपाध्यक्ष विनय यादव, डॉ.रामजी खरे, प्रशांत ढ़ेंगुला, कमलू चौबे, गोविंद ज्ञानानी, बृजमोहन शर्मा, सतीश यादव, गुड्डी साहू, अनिल अवस्थी, मनमोहन तिवारी, कुमकुम रावत, तुलसी मोटवानी, परमानंद तिवारी, राजू त्यागी, भूरे चौधरी आदि उपस्थित रहे।
बॉक्स
मंत्री ने व्यक्त की शोक संवेदना-
रविवार को मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा राजघाट कॉलोनी में विजयराम खरे के निधन पर शोक संवेदना व्यक्त करने पहुंचे। ज्योति नगर कॉलोनी में मंत्री ने बंसतराम मोरयानी के निधन पर उनके निवास पर पहुंचकर शोक संवेदना व्यक्त की।

wedding card 29 04 2017पूनम पुरोहित मंथन न्यूज़ जयपुर -पीएम मोदी के मिशन और उनके कामों को लेकर देश की जनता में कितना क्रेज है इसका अंदाजा इस बात से ही लगाया जा सकता है कि लोग उनकी कही बातों को हर जगह अपनाते नजर आते हैं। ताजा मामले में राजस्थान के एक शख्स ने शादी के कार्ड में धार्मिक श्लोकों की जगह पीएम मोदी के स्वच्छ भारत और अन्य मिशन के नारे छपवा दिए हैं।
मामला राजस्थान के झालावाड़ का है जहां एक युवक पूरीलाल की शादी 29 अप्रैल को होने वाली है। इसके लिए लोगों को निमंत्रण कार्ड भी भेजे गए लेकिन इनमें कार्यक्रम की जानकारी के साथ श्लोकों की जगह पीएम मोदी के स्वच्छ भारत, बेटी बचाओ और अन्य मिशन से जुड़े नारे लिखे हैं। पत्रिका में यह नारे छपवाने के पीछे दूल्हे के चाचा रामविलास नीमा का हाथ है जो खुद भी पंचायत प्रसार एवं स्वच्छता अधिकारी के पद पर कार्यरत हैं। उन्हें स्वच्छता को लेकर उनके काम के लिए सम्मनित भी किया जा चुका है।
बता दें कि इससे पहले भी एक ऐसा ही शादी का कार्ड वायरल हुआ था जो मेरठ के अकाश जैन की बहन की शादी का था। उस कार्ड पर भी पीएम मोदी के स्वच्छ भारत मिशन का लोगो लगा था। पीएम ने इस कार्ड को अपने टि्वटर अकाउंट से शेयर भी किया था।

पूनम पुरोहित मंथन न्यूज़ दिल्ली -हिसा के बीच कश्मीर घाटी से एक अच्छी खबर आई है। सेना द्वारा संचालित कोचिंग सेंटर से ज्वाइंट इंट्रेस एग्जाम (जेईई) के लिए 28 छात्रों ने क्वालीफाई किया है।
army jee 01 05 2017सेना का सुपर-40 नाम का ये कोचिंग सेंटर श्रीनगर में सैन्य परिसर में चलाया जाता है। यहां 40 छात्रों को जेईई की पढ़ाई कराई जाती है। इस कोचिंग सेंटर की शुरुआत श्रीनगर में सैन्य परिसर में सेना ने 2013 में की थी।
सेना द्वारा यह कोचिंग सेंटर सेंटर फॉर सोशल रिस्पांसिबिलिटी एंड लर्निंग (सीएसआरएल) और पेट्रोनेट एलएनजी की मदद से संचालित किया जाता है।
बेहतरीन प्रदर्शन : खास बात यह है कि इस साल हिसा और तनाव के बीच सेना के कोचिंग सेंटर का यह सबसे बेहतरीन प्रदर्शन है।
सेना के प्रवक्ता ने बताया कि दक्षिणी कश्मीर से नौ, उत्तरी कश्मीर से 10, करगिल व लद्दाख क्षेत्र से सात और जम्मू क्षेत्र से दो छात्रों ने बाजी मारी है।
प्रतिभाशाली होने के बावजूद मौकों से वंचित रह जाने वाले छात्रों के लिए करियर में सफलता हासिल करने के लिए यह कोचिंग उचित मंच उपलब्ध कराती है।
सेना मुफ्त में देती है कोचिंग : श्रीनगर से बाहर रहने वाले छात्रों को रहना और खाना-पीना सेना द्वारा मुफ्त मुहैया कराया जाता है।
पांच छात्राओं को सेना ने दिल्ली में कोचिंग कराई थी। इनमें से दो ने परीक्षा पास कर ली है। परीक्षा में पास होने वाले छात्र-छात्राओं को ही इसमें आइआइटी-जेईई और दूसरी इंजीनियरिंग परीक्षाओं की तैयारी कराई जाती है।
बता दें कि पिछले साल जुलाई में आतंकी बुरहान वानी की मौत के बाद से ही घाटी में हिंसा और तनाव का माहौल है। यहां तक कि कई महीनों तक स्कूल-कॉलेज भी बंद रहे।
अब सुपर-50 बनेगा : श्रीनगर में रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता के अनुसार पिछले कई महीनों से जारी अशांति के बीच भी कोचिंग सेंटर में पढ़ाई जारी थी।
इसी का परिणाम है कि कोचिंग सेंटर के 40 में से 28 छात्रों ने क्वालीफाई किया है। बता दें कि यह पहला बैच था, जिसमें कश्मीर घाटी की 5 लड़कियों को दिल्ली में कोचिंग दी गई थी।
सेना का कहना है कि सुपर 40 की सफलता को देखते हुए अगले सत्र से कोचिंग में 50 छात्रों को कोचिंग दी जाएगी।

ajit doval 01 05 2017पूनम पुरोहित मंथन न्यूज़ दिल्ली -सुकमा में हुए नक्सली हमले में 25 सीआरपीएफ जवानों के शहीद होने के बाद अब सरकार नक्सलियों को खिलाफ आर-पार की लड़ाई की तैयारी में है। इसी कड़ी में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल 2 मई को आला अधिकारियों की बैठक लेंगे। इस बैठक में छत्तीसगढ़ के वरिष्ठ अधिकारी शामिल होंने और डोभाल इसे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से संबोधित करेंगे। बता दें कि सुकमा हमले के बाद अजीत डोभाल को एक्शन की कमान सौंपी गई थी और उसी सिलसिले में यह बैठक बुलाई गई है।
इसकी पुष्टि करते हुए बस्तर संभाग के आईजी विवेकानंद सिन्हा ने कहा कि राजधानी रायपुर में 2 मई को एक बैठक बुलाई गई है। बस्तर में तैनात फोर्स को सड़क निर्माण से हटाकर नक्सल इलाकों में भेजा गया है जो रोड़ ओपनिंग ना करते हुए सीधे नक्सलियों से मोर्चा लेगी। इससे पहले रविवार को एंटी नक्सल ऑपरेशन के डीजी डीएम अवस्थी ने भी जगदलपुर में आला अधिकारियों की बैठक रखी थी।

मंथन न्यूज़ शिवपुरी -पिछोर कांग्रेस विधायक केपी सिंह ने अपने शिवपुरी निवास कोठी पर प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पत्रकारों को अपनी विधानसभा में   स्वयं के दुआरा चलाये जाने वाले शराब मुक्ति अभियान के बारे में बताया जो 1 मई से चलाया जाएगा केपी सिंह ने कहा पूरे देश मे शराब बंदी को लेकर मेने विधान सभा मे प्रस्ताव रखा पर लेकिन प्रदेश सरकार ने अपनी राजस्व आय को कम न होने देने के करण मेरे प्रस्ताव को बहस में ही नही लिया विधान सभा अध्यक्ष से मैने आग्रह किया तो एक दिन चर्चा हुई पर मुख्यमंत्री के कहने पर की शराब बंदी पर सार्थक कदम उठाएंगे इसके बाद चर्चा वंद हो गयी और अब तक कोई कदम नही उठाया गया ओर मेरी विधान सभा मे सुनी नही गयी  इसलिए अब में अपने गृह जिले में शराब मुक्ति अभियान चलाने जा रहा हु यह मेरा वयक्तिगत अभियान है अपने विधानसभा क्षेत्र के गाँव गाँव मे जाकर लोगो को शराब न पीने के लिए जागरूक करने के साथ संकल्प पत्र  भरबाउगा
बीजेपी सरकार राजस्व के कारण नही कर रही कर रही शराब बंदी
केपी सिंह ने कहा मध्यप्रदेश की बीजेपी सरकार को आवकारी से 6 हजार करोड़ से ज्यादा राजस्व प्राप्त हो रहा जो कांग्रेश की सरकार के समय 600 करोड़ था 10 गुना ज्यादा राजस्व प्राप्त होने के कारण सरकार शराब बंदी नही कर रही जबकि मुख्यमंत्री शिवराज शिवराज सिंह ने कहा था कि मध्यप्रदेश में शराब की कोई नही दुकान नही खुलने देंगे ओर ये बात सही भी है कि मध्यप्रदेश में शराब की कोई नई दुकान नही खुली पर ठेकेदारो को खुली छूट दी है कि बो गांव मझेरो पर खुले आम कमीशन पर  शराब बिक़बा रहे है सरकार को अपने राजस्व से बढ़ने से मतलब है सरकार की राजस्व आय  तो बड़ रही है पर गरीब परिवार पूरी तरह तवाह हो रहे है उस लिए में अपने गाँव मे शराब मुक्ती अभियान शुरु करने जा रहा हु आगे कांग्रेस आलाकमान को ये अभियान अच्छा लगे  तो बो चुनाव में मेनिफेस्टो में इसे शामिल करें ये उनका विचार है में अपना प्रस्ताव उनके सामने भी रखूंगा
पत्रकार - मुख्य मंत्री शिवराज ने ज्योतिरादित्य सिंधिया पर जमीन हथियाने ओर बेचने का आरोप लगाए है आप इसे किस हद तक सही मानते है

केपी सिंह ने कहाँ शिवराज सिंह जी मुख़्यमंत्री है और उन पर कुछ सबूत है तो उन्हें आरोप नही लगाने चाहिए कार्यवाही करनी चाहिए

क्या ज्योतिरादित्य सिंधिया चुनाव में बीजेपी का चहरा होंगे

केपी सिंह ने कहा हम ओर हमारे कार्यकर्ता लगातार आलाकमान से बोल रहे है शिवराज सिंह चौहान के  सामने ज्योतिरादित्य सिंधिया युवा और आकर्षित चहरा है वो कांग्रेस का सीएम चहरा हो सकते है ये आलाकमान तय करेंगे

काँग्रेस की जीत को लेकर चुनाव के कितने आशान्वित है
अभी कुछ भी कहना मुश्किल है मोदी जी ने भी 6 महीने पहले ही चुनाव का केम्पेन चलाया था चुनाव में 6महीने पहले ही तैयारी से कुछ समझा जा सकता है

अब उत्‍तर प्रदेश में अवैध पटाखा फैक्टरियों पर कड़ी कार्रवाई करेगी योगी सरकारपूनम पुरोहित मंथन न्यूज़ लखनऊ - उत्‍तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गाजियाबाद की पटाखा फैक्ट्री में आग लगने की घटना का संज्ञान लेते हुए सभी जिलाधिकारियों तथा पुलिस कप्तानों को निर्देश दिया कि वह अपने-अपने जिले में अवैध पटाखा फैक्ट्रियों को चिन्हित कर दोषियों के खिलाफ कडी कानूनी कार्रवाई करें.

राज्य सरकार के एक प्रवक्ता के मुताबिक, मुख्यमंत्री ने गाजियाबाद के साहिबाबाद में पटाखा फैक्ट्री में आग लगने की घटना को दुखद बताते हुए हादसे में लोगों की मृत्यु पर शोक व्यक्त किया. मुख्यमंत्री ने इस घटना का संज्ञान लेते हुए सभी जिलाधिकारियों तथा वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एवं पुलिस अधीक्षकों को निर्देशित किया है कि वे अपने-अपने जनपद में व्यापक पड़ताल कर अवैध रूप से संचालित पटाखा फैक्ट्रियों को चिन्हित करते हुए दोषियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई करें.

प्रवक्ता के मुताबिक योगी आदित्यनाथ ने कहा कि अधिकारी यह भी सुनिश्चित करें कि बगैर लाइसेंस किसी भी फैक्ट्री का संचालन न हो तथा जिन फैक्ट्रियों को लाइसेंस निर्गत किए गए हैं, उनका संचालन भी निर्धारित मानकों के अनुरूप हो.

योगी ने अधिकारियों को इस बात पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए हैं कि किसी भी स्थिति में आबादी वाले क्षेत्र में न तो पटाखा फैक्ट्रियों का संचालन हो और न ही तैयार पटाखों अथवा पटाखों के निर्माण में इस्तेमाल होने वाली विस्फोटक सामग्री का भण्डारण हो.

उल्लेखनीय है कि साहिबाबाद के फरूखनगर में एक पटाखा फैक्टरी में आग लगने से पांच लोगों की मौत हो गई थी. 

रेल मंत्री सुरेश प्रभु ने केवल तीन मिनट में स्‍वीकार कर ली इस राज्‍य की नई रेल परियोजनापूनम पुरोहित मंथन न्यूज़- रेल मंत्री सुरेश प्रभु अपनी कार्यशैली के जाने जाते हैं और उनके बारे में कहा जाता है कि वह फैसले लेने में देरी नहीं करते. इसी कड़ी में उन्‍होंने एक रेल लाइन के प्रस्‍ताव को 'बुलेट ट्रेन की गति' से मंजूरी दे दी. प्रभु ने ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक द्वारा ट्विटर पर दिया गया नई रेल लाइन का प्रस्ताव तीन मिनट के अंदर स्वीकार कर लिया. मुख्यमंत्री ने परियोजना की आधी लागत साझा करने की पेशकश की जिसे रेल मंत्री ने स्वीकार कर लिया. पटनायक ने शुक्रवार रात दस बजकर पांच मिनट पर ट्विटर पर पुरी और कोणार्क के बीच नई लाइन का प्रस्ताव दिया और प्रभु ने दस बजकर आठ मिनट पर सकारात्मक जवाब दिया.

ओडिशा के मुख्यमंत्री कार्यालय ने कहा, ‘मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने पुरी से कोणार्क के बीच पर्यटन की संभावना बढ़ाने के लिए नई रेल लाइन की आधी कीमत साझा करने का प्रस्ताव रखा.’ मुख्यमंत्री ने ट्वीट किया, ‘ओडिशा के मुख्यमंत्री ने केंद्रीय मंत्री सुरेश प्रभु से इस परियोजना को जल्द मंजूरी देने और समय पर पूरा करने के लिए एमओयू पर हस्ताक्षर करने की अपील की.’
 
प्रभु ने तुरंत ट्वीट कर जवाब दिया, ‘हम किसी भी दिन इस पर हस्ताक्षर करने के लिए तैयार हैं, हम इसका इंतजार कर रहे हैं क्योंकि राज्यों के साथ संयुक्त उपक्रम पर साझीदारी की हमने पहल की थी.’
 
पटनायक ने कहा कि राज्य की भागीदारी के साथ रेलवे के लिए रिटर्न की दर 20 फीसदी से ज्यादा होगी.

जब अमित शाह ने सभा में पूछा, बताइये मेरे बाद भाजपा अध्यक्ष कौन होगा? तो...पूनम पुरोहित मंथन न्यूज़ जम्मू -भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने कांग्रेस में विचारधारा का अभाव बताते हुए कहा कि जो पार्टी एक परिवार के हितों तक सीमित है, वह देश के हित में काम नहीं कर सकती.

शाह ने 'वंशवाद' के शासन पर हमला बोलते हुए अपना उदाहरण दिया. उन्होंने कहा कि जब 1982 में वह पार्टी से जुड़े तो उस समय उनकी कोई राजनीतिक पृष्ठभूमि नहीं थी, लेकिन आज वह पार्टी अध्यक्ष हैं.

उन्होंने शनिवार शाम यहां एक सभा को संबोधित करते हुए कहा, 'जब मैं 1982 में पार्टी से जुड़ा तो मैं एक बूथ सदस्य था, और किसी राजनीतिक पृष्ठभूमि के बिना मैं बूथ अध्यक्ष से पार्टी अध्यक्ष बन गया. यह पार्टी में आंतरिक लोकतंत्र को दिखाता है'.

शाह ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी, वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पार्टी के पहली पीढ़ी के नेता थे और उनकी कोई राजनीतिक पृष्ठभूमि नहीं थी. यह आंतरिक लोकतंत्र है.

उन्होंने कहा कि क्या कोई मुझे बता सकता है कि मेरे बाद भाजपा अध्यक्ष कौन होगा? कोई नहीं बता सकता. लेकिन कोई भी यह आसानी से बता सकता है कि कांग्रेस में सोनिया गांधी के बाद अध्यक्ष कौन होगा?

मन की बात : पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा - लोग सुझाव देने के आदि, पर हम गौर करते हैंपूनम पुरोहित मंथन न्यूज़ दिल्ली -पीएम नरेंद्न मोदी ने कहा लोग फोन, रिकॉर्डेड मैसेज भेजते हैं. कई सुझाव आते हैं. अच्छा लगता है. पीएम मोदी ने कहा कि लोग इतनी समस्याएं बताते हैं जहां शायद सरकार की नजर भी नहीं जाती होगी. पीएम मोदी ने कहा कि हर बार जो भी बातें यहां आती है, उसे सरकार देखती है, एनालिसिस करती है. उन्होंने कहा कि लोग अकसर सलाह और सुझाव देते हैं. यह हमारे यह स्वभाव है.

पीएम मोदी की कही बातें - 

शुरू में  ऐसा लगता था, लेकिन जब बारिकी से देखा तो पता चला कि मुझे वह लोग सलाह देते हैं जो अपने जीवन में कुछ कर रहे हैं. तब यह माना कि यह सुझाव सामान्य नहीं है. यह लोगों का अनुभव है. 

पीएम ने कहा कि देश में युवा पीढ़ी लंबे अरसे से खाना बचाने के लिए काम कर रही है. बहुत अच्छा है. देश के युवा ऐसा काम कर रहे हैं. 


'मन की बात' आज (रविवार) सुबह 11 बजे ऑल इंडिया रेडियो और दूरदर्शन पर प्रसारित होगा. पीएम मोदी आज 31वीं बार 'मन की बात' के तहत देश की जनता को संबोधित करेंगे. ऐसा कयास लगाया जा रहा है कि इस बार वह एमसीडी चुनाव में बीजेपी की जीत के लिए जनता को शुक्रिया और छात्रों के लिए कुछ खास बातें कर सकते हैं.

गौरतलब है कि पीएम मोदी ने पिछले बार 'मन की बात' कार्यक्रम में न्यू इंडिया पर देश की जनता को संबोधित किया था. वह अपने इस कार्यक्रम में हर बाहर आम व्यक्ति से जुड़ी कोई महत्वपूर्ण गतिविधि को केंद्रित करते हैं और इसके लिए सभी देशवासियों से विषय और सुझाव आमंत्रित करते हैं. वह देशवासियों की टिप्पणियों को अपने इस लोकप्रिय कार्यक्रम में शामिल भी करते हैं.

बता दें, पीएम इससे पहले अर्थव्यवस्था, नशाखोरी, भ्रष्टाचार, किसानों की समस्या जैसे मुद्दों पर मन की बात कार्यक्रम का आयोजन कर चुके हैं. आकाशवाणी सभी क्षेत्रीय भाषाओं में इसका सीधा प्रसारण करता हैं.

all india muslim personal law board 29 04 2017पूनम पुरोहित मंथन न्यूज़ कानपूर -बहस की आंच में गर्माते तीन तलाक पर अंकुश के लिए ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड ऐसा करने वालों के सामाजिक बहिष्कार की बात कह चुका है। इस मुद्दे पर अब बोर्ड की सदस्य के साथ ही जमाअत-ए-इस्लामी हिद महिला विंग की राष्ट्रीय सचिव अतिया सिद्दीकी ने नई अपील की है।
उन्होंने कहा कि जो लोग बेवजह बीवी को तीन तलाक देते हैं, उनका सामाजिक बायकाट करें ही, दूसरे निकाह के लिए लड़की भी न दें। जमाअत-ए-इस्लामी हिद 23 अप्रैल से सात मई तक मुस्लिम पर्सनल लॉ जागरूकता अभियान चला रहा है।
इसी के तहत शनिवार को चमनगंज में महिलाओं के अधिवेशन में अतिया सिद्दीकी ने लोगों को जागरूक किया। इससे पूर्व जमाअत इस्लामी कार्यालय चमनगंज में पत्रकारों से बातचीत में अतिया ने कहा कि क्षेत्रीय स्तर पर शरई पंचायत और दारुलकजा स्थापित की जाएगी।
पीड़ित महिलाओं के लिए राहत कोष भी बनेगा। देश की 10 लाख मस्जिदों में जुमा की नमाज के दौरान पेशइमाम अपनी तकरीर में शरई की जानकारी देंगे। प्रथम चरण में पांच करोड़ मुसलमानों तक शरई जानकारी पहुंचाने का लक्ष्य है।
इस्लाम की जानकारी देगा ऐप
इस्लाम की जानकारी लेने के लिए एक मोबाइल ऐप भी तैयार किया गया है। एमपीएलएसी.इन से यह ऐप डाउनलोड किया जा सकता है। इसमें शरई जानकारी के अलावा ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना राबे हसनी नदवी समेत कई उलमा की तकरीर भी मौजूद है।
"क्या गारंटी है कि पहली बीवी छोड़ने के बाद दूसरी के साथ शौहर का व्यवहार ठीक होगा। महिलाएं अपने अधिकारों को जानें। कुरान व हदीस की रोशनी में जिंदगी गुजारें तो कभी दिक्कत नहीं आएगी।" - अतिया सिद्दीकी

मंथन न्यूज़ भोपाल। वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) को लेकर तीन मई को आयोजित विधानसभा की बैठक में राज्य सरकार नर्मदा नदी का संकल्प ला रही है। बैठक में राज्य जीएसटी विधेयक 2017 को विधानसभा में प्रस्तुत किया जाएगा और सदन में चर्चा के बाद विधेयक पारित होगा। मगर नर्मदा पर संकल्प लाए जाने पर सदन में राजनीति गरमाने के आसार हैं।
सूत्रों के मुताबिक जीएसटी को लेकर आयोजित बैठक में नर्मदा नदी के संरक्षण का संकल्प लाने के लिए शुक्रवार को तीन विभागों के बीच जिम्मेदारी सौंपे जाने की चर्चा थी। जल संसाधन, पंचायत और नगरीय प्रशासन विभाग में से किसी एक को यह जिम्मेदारी देने पर विचार किया गया था। अंत में संकल्प तैयार करने की जिम्मेदारी पर्यावरण विभाग को सौंपी गई।
बुदनी में तय हो सकती है रणनीति
सूत्र बताते हैं कि बैठक में नर्मदा संकल्प आने पर प्रमुख विपक्षी दल अवैध उत्खनन के मुद्दे को एकबार फिर उठा सकता है। दो मई को कांग्रेस नेता मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के निर्वाचन क्षेत्र बुदनी में जमा हो रहे हैं। विधानसभा की बैठक में नर्मदा संकल्प लाए जाने पर कांग्रेस की रणनीति क्या होगी, यह बुदनी में तय होने की संभावना है।
तीन मई को बजट सत्र समाप्त होगा
वस्तु एवं सेवा कर अधिनियम के लोकसभा और राज्यसभा में पारित हो जाने के बाद सभी राज्यों को अपने-अपने राज्यों के जीएसटी संशोधन अधिनियम विधेयक पारित करना है। गुरुवार को राजस्थान और शुक्रवार को छत्तीसगढ़ ने अपने एसजीएसटी अधिनियम विधेयकों के लिए विधानसभा के विशेष सत्र बुलाए थे। इसके पहले बिहार और तेलंगाना भी संशोधन अधिनियम पारित कर चुकी हैं।
मप्र विधानसभा में इसके लिए बजट सत्र को समाप्त घोषित नहीं किया गया, बल्कि 28 मार्च को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित किया गया। तीन मई को बजट सत्र को समाप्त होगा। गौरतलब है कि एक जुलाई से जीएसटी लागू होना है और इसके पहले सभी राज्यों को एसजीएसटी अधिनियम विधेयक पारित कर दिल्ली भेजना है।
पर्यावरण विभाग कर रहा तैयार
नर्मदा नदी को लेकर राज्य सरकार विधानसभा में संकल्प ला रही है। संकल्प पर्यावरण विभाग तैयार कर रहा है।
- मलय श्रीवास्तव, प्रमुख सचिव, पर्यावरण

मन्थन न्यूज़
Image result for narendra modi mann ki baat photosनई दिल्‍ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 30 अप्रैल, रविवार को 31वीं बार 'मन की बात' के तहत देश की जनता को संबोधित करेंगे। इसका सीधा प्रसारण ऑल इंडिया रेडियो और दूरदर्शन पर सुबह 11 बजे किया जाएगा। कयास लगाए जा रहे हैं कि इस दौरान पीएम मोदी दिल्ली निगम चुनावों में भाजपा की जीत के लिए जनता को शुक्रिया और छात्रों के लिए कुछ खास बातें कर सकते हैं। पिछले माह मन की बात कार्यक्रम में पीएम मोदी ने न्यू इंडिया पर देश की जनता को संबोधित किया था।
पीएम मोदी ने मन की बात के पिछले संस्‍करण में कहा था कि 125 करोड़ भारतवासी चाहते हैं कि भारत में बदलाव आए। उन्होंने कहा था 'न्यू इंडिया' कोई सरकारी योजना नहीं है, यह 125 करोड़ भारतीयों का सपना है। उन्होंने कहा हर भारतीय नागरिक के छोटे-छोटे और मजबूत कदमों से एक नए और बदले हुए भारत की कल्पना को साकार किया जा सकता है।
गौरतलब है कि पीएम मोदी मन की बात कार्यक्रम में आम आदमी से जुड़े अहम मुद्दों को उठाते हैं। इसके लिए पीएम मोदी की तरफ से देश की जनता से विषय और सुझाव देने की अपील भी की जाती है। आकाशवाणी सभी क्षेत्रीय भाषाओं में इसका सीधा प्रसारण करता हैं। पीएम इससे पहले अर्थव्यवस्था, नशाखोरी, भ्रष्टाचार, किसानों की समस्या जैसे मुद्दों पर मन की बात कार्यक्रम का आयोजन कर चुके हैं।

मन्थन न्यूज़ नई दिल्ली। कांग्रेस के सबसे वरिष्ठ और पुराने नेता होने के बावजूद पार्टी ने दिग्विजय सिंह का कद थोड़ा कम कर दिया है। कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने शनिवार को पार्टी में अहम फेरबदल किया और उन्होंने पार्टी के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह को कर्नाटक और गोवा के प्रभारी महासचिव की जिम्मेदारी से हटा दिया। कर्नाटक में अगले साल विधानसभा चुनाव होने वाला है जबकि गोवा में कांग्रेस सबसे अधिक सीटें जीतने वाली पार्टी होने पर भी सरकार बनाने में असफल रही थी।
पार्टी के इस फैसले पर प्रतिक्रिया करते हुए दिग्विजय ने कहा है कि वह इस बदलाव से खुश हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी द्वारा नई टीम चुने पर उन्हें काफी खुशी हुई है। दिग्विजय ने ट्वीट में लिखा, 'मैं बहुत खुश हूं। आखिरकार यह नई टीम राहुल द्वारा चुनी गई है। गोवा और कर्नाटक में कांग्रेस नेताओं और पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ काम करते हुए मुझे बहुत मजा आया। उन सबके सहयोग के लिए मैं उनका आभारी हूं। मैं कांग्रेस पार्टी और नेहरू-गांधी परिवार का वफादार हूं। मैं पार्टी में आज जो कुछ भी हूं, वह सबके उन्हीं की वजह से है।'
शनिवार को अखिल भारतीय कांग्रेस कमिटि (AICC) द्वारा जारी एक बयान में दिग्विजय से गोवा और कर्नाटक का प्रभार वापस लेने की बात कही गई थी। इस बयान में बताया गया कि दिवंगत नेता विलासराव देशमुख के बेटे अमित देशमुख को गोवा का सचिव बनाया गया है। अगले साल कर्नाटक में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। वहां केसी वेणुगोपाल को पार्टी मामलों का महासचिव नियुक्त किया गया है। उनका साथ देने के लिए मनिकम टैगोर, पीसी विष्णुनंद, मधु याक्षी गौड़ और डॉक्टर साके सैलजानाथ को भी कर्नाटक भेजा गया है। राहुल गांधी ने खुद इन चारों को यह जिम्मेदारी सौंपी है।
उल्लेखनीय है कि पार्टी की गोवा इकाई के प्रभारी दिग्विजय सिंह 40 विधानसभा सीटों में से 17 सीटें जीतने के बावजूद कांग्रेस की सरकार बनवाने में सफल नहीं हो पाए थे। 13 सीटें जीतने वाली भाजपा क्षेत्रीय दलों के साथ गोवा में सत्ता बरकरार रखने में सफल हो गई। सिंह की निष्क्रियता की पार्टी के भीतर व्यापक आलोचना की गई थी। गोवा प्रदेश कांग्रेस कमिटी के प्रमुख लुइजिन्हो फलेरियो ने भी प्रदेश में सरकार नहीं बना पाने का ठीकरा दिग्विजय पर फोड़ा था।
इन सभी फेरबदल को देखकर लगता है कांग्रेस ने भी 2019 के लोकसभा चुनाव की तैयारियां शुरू कर दी हैं। इसी के मद्देनजर कांग्रेस हर एक प्रदेश की जिम्मेदारी एक नेता को सौंप रही है। माना जा रहा है कि आने वाले हफ्तों में और भी कई बदलाव देखने को मिल सकते हैं।

मंथन न्यूज़ देश की सभी समस्याओं के लिए केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के पास एक समाधान है- आरएसएस की विचारधारा. शनिवार को मुंबई में एक पुस्तक विमोचन समारोह के दौरान उन्होंने ये बात कही.
'दुनिया को रास्ता दिखा सकता है आरएसएस'
समारोह को संबोधित करते हुए गडकरी ने कहा, 'आरएसएस की सोच सामाजिक-आर्थिक समानता और राष्ट्रवाद की है. शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में संघ का काम सभी समस्याओं का हल है. सामाजिक और आर्थिक विकास का आरएसएस का मॉडल पूरी दुनिया को रास्ता दिखा सकता है.'
'मार्क्सवाद हुआ नाकाम'
गडकरी के मुताबिक मार्क्सवाद और समाजवाद पिछले कुछ सालों के दौरान नाकाम साबित हुआ है. उनकी राय में 'संघ अपने दृढ़ विश्वास और प्रतिबद्धता के सहारे नकारात्मक प्रचार से बचा रह पाया है.'
'सबको साथ लेकर चलने की सोच'
गडकरी का कहना था कि लोगों को शिक्षा, स्वास्थ्य, चरित्र निर्माण और देश सेवा से जुड़े आरएसएस के कामों से वाकिफ करवाने की जरूरत है. उनके मुताबिक समाज में आरएसएस को लेकर धारणा को बदलने के लिए काम होना चाहिए. गडकरी ने दावा किया कि आरएसएस की हिंदुत्व विचारधारा सभी धर्मों और तबके के लोगों को साथ लेकर चलती है.
आरएसएस के इतिहास पर पुस्तक
गडकरी जिस समारोह में बोल रहे थे, उसका आयोजन रमेश मेहता की किताब के विमोचन के लिए किया गया था. लोटस पब्लिकेशन की इस किताब में 1925 से लेकर 1996 तक आरएसएस के इतिहास का ब्योरा है. समारोह में यूपी के राज्यपाल राम नाइक भी मौजूद थे. उनका कहना था कि 1996 के बाद के आरएसएस के इतिहास और क्रियाकलापों पर भी शोध किये जाने की जरूरत है. 

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पद संभालने के 100 दिन पूरे होने पर आयोजित कार्यक्रम में जहां एक ओर अमेरिकी मीडिया पर जमकर निशाना साधा, तो वहीं दूसरी ओर चीन को लेकर नरमी दिखाई. उन्होंने कहा कि उत्तर कोरिया मसले को लेकर चीन हमारी मदद कर रहा है, जो हमारे लिए एक बड़ी उपलब्धि है. इससे पहले डोनाल्ड ट्रंप व्हाइट हाउस संवाददाता रात्रिभोज में शामिल नहीं हुए. 1981 के बाद वह पहले अमेरिकी राष्ट्रपति हैं, जिसने मीडिया के साथ डिनर से किनारा काटा है.

पेन्सिलवेनिया में रैली को संबोधित करते ट्रंप ने अपने 100 दिन के कार्यकाल का ब्योरा दिया. हालांकि इस दौरान उनके निशाने पर अमेरिकी मीडिया ज्यादा रहा. वह एक घंटे के अपने भाषण में से 10 मिनट से ज्यादा समत तक मीडिया पर ही हमला बोलते रहे. वहीं, डिनर हाल के बाहर लोग हाथ में पोस्टर लेकर पत्रकारों का शुक्रिया अदा करते नजर आए. हालांकि इस दौरान कुछ लोग ट्रंप का समर्थन करते दिखे. इनका कहना था कि ट्रंप ने देश की जनता के लिए पत्रकारों के साथ डिनर नहीं किया और हम लोगों को अपने कामकाज की जानकारी देने के लिए चले आए. इससे पहले ट्रंप ने ट्वीटकर रैली की जानकारी दी.

टैक्स कटौती से मध्यम वर्ग को होगा फायदा
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि टैक्स में कटौती से मध्यम वर्ग के लोगों को फायदा होगा. साथ ही अमेरिकी कंपनियां अपने देश वापस आएंगी. इससे अमेरिका में रोजगार बढ़ेगा. इसके अलावा उन्होंने कहा कि आप सभी लोग घर जाइए और चैन से सोइए. हम हरहाल में मैक्सिको की दीवार बनाएंगे. दरअसल, ट्रंप को मैक्सिको इस दीवार को बनाने में किसी तरह की मदद नहीं कर है. ऐसे में ट्रंप 62 मील लंबी दीवार के लिए कांग्रेस से फंड लेने की जुगत में हैं. उन्होंने लोगों इस दरम्यान ट्रंप ने 'सांप' की कविता सुनाई.

MARI themes

Blogger द्वारा संचालित.