बड़ी चुनावी सरगर्मी, एक दूसरे के नेता कार्यकर्ताओं को साधने में लगीं बीजेपी-कांग्रेस

भोपाल: चुनावी साल है ऐसे में पक्ष-विपक्ष के नेताओं में दल-बदल की प्रक्रिया ज़ोरों पर है। एक दिन पहले खबर आई थी कि कांग्रेस के कुछ नेता अतर्कलह के चलते पार्टी का दामन छोड़कर बीजेपी में गुपचुप तौर पर शामिल हो गए हैं, वहीं अब खबरें आ रही हैं कि, भाजपा के करीब आधा दर्जन पूर्व विधायकों समेत लगभग दो दर्जन वरिष्ठ नेता कांग्रेस में शामिल हो रहे है। हालांकि इनमें से कुछ बड़े बीजेपी लीडर टिकट वितरण के इंतेज़ार में है कि, एक बार यह प्रक्रिया पूरी हो जाए उसके बाद किसी फैसला पर जाएंगे। इसके अलावा नई पॉलिसी के तहत उन लोगों से भी कांग्रेस संपर्क साध रही है, जो पहले कांग्रेस का ही हिस्सा थे, जानकारी मिली है कि, पीसीसी में घर छोड़कर जाने वाले ऐसे कर्मठ नेताओं और कार्यकर्ताओं की सूचि तैयार की जा चुकी है, जिनमें बीजेपी के लगभग सौ से ज्यादा नेताओं के नाम हैं।


नेताओं से हो चुकी है कांग्रेस की गुपचुप मीटिंग


अब तक जिन बीजेपी नेताओं कार्यकर्ताओं के कांग्रेस में शामिल होने की अटकलें चल रहीं हैं उनमें तीन बार से सत्तारूढ़ भाजपा से टिकट की उम्मीद लगाए नेताओं का कांग्रेस के साथ गोपनीय संपर्क बना हुआ है। कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष कमलनाथ भी इशारों इशारों में इसके संकेत द् चुके हैं। पार्टी सूत्रों की माने तो भोपाल-होशंगाबाद संभाग, ग्वालियर-चंबल, बुंदेलखंड के करीब आधा दर्जन पूर्व विधायकों को लेकर कांग्रेस में सुगबुगाहट चल रही है। इनमें से कुछ बीजेपी नेता कांग्रेस के साथ बैठक भी कर चुके हैं।


घर छोड़कर गए नेताओं पर असमंजस


सूत्रों का कहना है कि बहुजन समाज पार्टी के टिकट पर विधानसभा चुनाव लड़ चुके बुंदेलखंड के एक नेता की करीब दो महीने से पीसीसी पदाधिकारियों के साथ बातचीत चल रही है। मालवा के एक जिला पंचायत अध्यक्ष का कांग्रेस पार्टी में प्रवेश लगभग फाइनल हो चुका है तो निमाड़ के भाजपा के कुछ जिला पंचायत-जनपद सदस्यों के साथ विभिन्न् पंचायतों के 350 नेता भी कांग्रेस में कभी भी आ सकते हैं। कांग्रेस छोड़कर भाजपा में गए नेताओं को लेकर पार्टी फिलहाल टालमटोल रवैया अपनाए है और पीसीसी अध्यक्ष भी अप्रत्यक्ष रूप से कह चुके हैं कि सभी के एकमत होने पर उनके बारे कोई फैसला लिया जाएगा। बल्कि, सूत्रो से तो यहां तक पता लगा है कि, पार्टी से निकाले गए या बागी होकर चुनाव लड़ने वाले करीब 100 नेताओं की घर वापसी के आवेदन भी पीसीसी पहुंच गए हैं।