EX CM बाबूलाल गौर को कांग्रेस में शामिल होने का बड़ा ऑफर, जानिए अब क्या होगा

भोपाल। अक्सर अपने बेबाक् बयानों से सुर्खियों में रहने वाले भाजपा के दिग्गज नेता और पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल गौर को अब कांग्रेस पार्टी में शामिल होने का ऑफर मिला है। कई बार पार्टी के खिलाफ बयान देने वाले गौर के लिए कई बार अटकलें लगती रही हैं। यदि ऐसा होता है तो आने वाले चुनाव में भाजपा के समीकरण गड़बड़ा सकते हैं।

मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में माली-सैनी समाज का सम्मेलन था। इस मौके पर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ और पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल गौर भी मौजूद थे। दोनों एक ही मंच पर साथ-साथ थे।

कमलनाथ बोले- गौर कांग्रेस पार्टी में आ जाएं
कार्यक्रम में कमलनाथ ने अपने संबोधन में माली-सैनी समाज की काफी तारीफ की। उन्होंने इस समाज को इतना सीधा और सच्चा बताया कि वे कभी अपनी मांगों के लिए धरना-प्रदर्शन नहीं करते। नाथ ने इसके बाद कहा कि गौर साहब भी उसी तरह सीधे, सच्चे और ईमानदार हैं। उन्होंने कहा कि वे हमारी पार्टी में आ जाएं। नाथ का इतना कहते ही गौर साहब असहज हो गए और वे हाथ जोड़कर मुस्कुराने लगे। इसके बाद वे सिर हिलाकर मना करने लग गए।


फिर चला हास-परिहास का दौर
नाथ और गौर के बीच हुए इस संवाद पर काफी देर तक हास-परिहास का दौर भी चला। सम्मेलन में मौजूद लोग मुस्कुराने लगे तो कई लोग राजनीतिक कयास तक लगाने लगे। लोगों का कहना था कि यदि गौर साहब कांग्रेस में शामिल हो गए तो आने वाले चुनाव में भाजपा की मुश्किलें बढ़ सकती हैं।



कमलनाथ के बयान के बाद शुरू हुई चर्चा
कमलनाथ ने भाजपा के दिग्गज नेता को कांग्रेस में शामिल होने का न्योता दिया, इसके बाद राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया।



कांग्रेस में जाने के सवाल पर क्या बोले गौर
कांग्रेस में शामिल करने के प्रस्ताव पर जब बाबूलाल गौर से पूछा गया तो उन्होंने कहा कि नाथ बहुत ही अच्छे व्यक्तिहै। हमारी बहुत पुरानी दोस्ती है। उनकी महानता है जो उन्होंने मेरी सराहना की है। गौर ने कहा कि मेरे कांग्रेस में जाने का प्रस्ताव तो हंसी-मजाक का एक हिस्सा था। इस पर में यही कहना चाहता हूं कि जीवनभर की है बुतों की सजदा, अब क्या खाक मुसलमां होंगे।


 


मुझे शिकागो ले गए थे नाथ
मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल गौर ने अपने संस्मरण सुनाते हुए कहा कि कमलनाथ जब केंद्र में उद्योग मंत्री थे, तब मैं मध्यप्रदेश का उद्योगमंत्री था। वे मुझे शिकागो टूर पर ले गए थे। तभी मैंने उस स्थान के दर्शन किए थे जहां स्वामी विवेकानंद ने अपना ऐतिहासिक भाषण दिया था।