अगले 24 घंटे में एमपी, गुजरात में भारी बारिश का अनुमान, अभी भी देश भर में सामान्य से 6 फीसदी कम




भारतीय मौसम विभाग (आईएमडी) के अनुसार, आगामी 24 घंटों के दौरान पश्चिम मध्य प्रदेश और गुजरात के कुछ हिस्सों में भारी बारिश होने की संभावना है। पिछले 24 घंटे में छत्तीसगढ़ में सामान्य से करीब 200 फीसदी ज्यादा बारिश हुई है जिससे राज्य के कई क्षेत्रों में बाढ़ जैसे हालात बनने के साथ्‍ा फसलों को भी नुकसान की आशंका है। हालांकि अभी देश भर में सामान्य से 6 फीसदी कम बारिश हुई है। 

उत्तर प्रदेश के कानपुर में गंगा खतरे के निशान को पार कर चुकी है तथा निचले इलाकों में पानी भर गया है जिससे कई इलाकों में बाढ़ जैसे हालात बनने के साथ्‍ा ही फसलों को नुकसान की आशंका है। राज्य के मिर्जापुर में भी बाढ़ से फसलों को नुकसान हुआ है। उधर छत्तीसगढ़ में भी हुई भारी बारिश से कई क्षेत्रों में फसलों को नुकसान हो सकता है।

आगामी 24 घंटों के दौरान मध्य प्रदेश, गुजरात में भारी बारिश की आशंका

आईएमडी के अनुसार अगले 24 घंटों के दौरान विदर्भ, दक्षिण छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश के कई हिस्सों, हरियाणा के कई क्षेत्रों और पश्चिम उत्तर प्रदेश में हल्की से मध्यम बारिश होने की उम्मीद है। साथ ही एक दो स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है।

हिमाचल, उत्तराखंड और राजस्थान में हल्की बारिश का अनुमान

उधर हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, राजस्थान, ओडिशा के कुछ हिस्सों, मध्य महाराष्ट्र, कोंकण और गोवा, तटीय कर्नाटक, तटीय आंध्र प्रदेश, बिहार, असम और मेघालय में कहीं हल्की तो कहीं तेज बारिश होने का अनुमान है।

बीते 24 घंटों में छत्तीसगढ़ और  मध्य प्रदेश में हुई भारी बारिश

आईएमडी के अनुसार पिछले 24 घंटों के दौरान, छत्तीसगढ़, पूर्वी मध्य प्रदेश, विदर्भ, असम, मिजोरम और दिल्ली के कुछ हिस्सों में भारी बारिश हुई।

दक्षिण भारत के राज्यों में हुई हल्की बारिश

इस दौरान अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, कोंकण और गोवा में हल्की से मध्यम बारिश हुई। पश्चिम बंगाल, उड़ीसा, झारखंड, तमिलनाडु, केरल, तटीय कर्नाटक, दक्षिण गुजरात, पश्चिम उत्तर प्रदेश, पंजाब के कुछ हिस्सों, हरियाणा, उत्तराखंड, तटीय आंध्र प्रदेश और लक्षद्वीप पर हल्की से मध्यम बारिश देखी गई।

पूर्वोतर के राज्यों में हुई है सबसे कम बारिश

आईएमडी के अनुसार चालू मानसूनी सीजन में पहली जून से 27 अगस्त तक देश भर में सामान्य से 6 फीसदी कम बारिश हुई है। पूर्वोत्तर भारत के राज्यों में बारिश बहुत कम हुई है, इनमें मणिपुर में सबसे कम 67 फीसदी, मेघालय में 43 फीसदी, अरुणाल प्रदेश में 38 फीसदी, असम में 27 फीसदी कम बारिश हुई है।