मध्य प्रदेश: आगामी चुनाव से पहले कांग्रेस-भाजपा नेताओं का एससी/एसटी एक्ट को लेकर विरोध



मध्य प्रदेश में चुनावी सरगर्मी जैसे-जैसे बढ़ रही है, नेताओं के साथ आम जनता में भी मुद्दों को लेकर आक्रोश देखा जा रहा है। गुना के आरोन में कांग्रेस के खिलाफ, तो मुरैना में भाजपा के विरोध में एससी/एसटी एक्ट को लेकर लोगों में जबर्दस्त गुस्सा देखने को मिला। खास बात ये है कि हाल में संसद में एससी/एसटी एक्ट में संशोधन के प्रस्ताव को पास करने के मामले में भाजपा के कार्यकर्ताओं ने कांग्रेेस का विरोध किया जबकि इसी मुद्दे पर उनके ही नेता आम लोगों के निशाने पर रहे।

एससी/एसटी एक्ट को लेकर सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया के कथित बयान से विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। आरोन में कांग्रेस सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया को मैराथन के एक कार्यक्रम में शामिल होना था लेकिन उनके आने से पहले लोगों ने बाजार में लगे उनके बैनर पोस्टर फाड़ डाले। इस दौरान बाजार भी बंद हो गया। बाद में जब पुलिस के साथ उनका आमना सामना हुआ तो भीड़ की ओर से पथराव किया गया। लोगों के पथराव से कांग्रेस पार्षद ब्रजेंद्र सिंह राजपूत का सिर फूट गया। साथ ही कुछ वाहनों के कांच भी टूटे। 

इस हंगामे के बाद सांसद तय कार्यक्रम से लगभग डेढ़ घंटे लेट पहुंचे। तब भी उन्हें इसी तरह विराेध प्रदर्शन का सामना करना पड़ा था। सांसद सिंधिया ने यहां पहुंचकर मैराथन में हिस्सा भी लिया और विधायक जयवर्धन सिंह के साथ करीब एक किमी तक दौड़े भी। मीडिया से बातचीत में सिंधिया ने कहा कि हम नरेंद्र नोदी की तरह नहीं हैं, हम सभी की बातें सुनते हैं। इससे पहले अशोकनगर में भी जो लोग मेरा विराेध कर रहे थे मैं खुद उनके पास पैदल चलकर पहुंचा और ज्ञापन भी लिया। 

भाजपा के नेताओं को भी एससी-एसटी एक्ट के मुद्दे पर आम लोगों के विरोध-प्रदर्शन का सामना करना पड़ा। मुरैना में भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष और सांसद प्रभात झा को घेर लिया गया और जमकर नारे लगायें गये। केंद्र सरकार द्वारा एससी-एसटी एक्ट में बदलाव का प्रस्ताव पास करने से गुस्साए सामान्य वर्ग के लोगों ने प्रभात झा को घेर लिया। हालांकि यह प्रदर्शन किसी भी संगठन के बैनर तले नहीं हुआ।

भीड़ में शामिल 100 से ज्यादा लोगों ने उनकी गाड़ी को आधे घंटे तक घेरकर रखा और प्रभात झा वापस जाओ, सवर्ण एकता जिंदाबाद, भाजपा मुर्दाबाद आदि के नारे लगाते हुए न सिर्फ काले झंडे दिखाए बल्कि चूड़ियां भी भेंट कर दीं। भीड़ का गुस्सा देखकर सुमावली विधायक सत्यपाल सिंह सिकरवार ने नारेबाजी कर रहे लोगों से मिन्नतें की, तब भीड़ ने झा की गाड़ी को निकलने का रास्ता दिया।