*घर में और पड़ोस में नहीं होने देंगे गंदगी ,छात्र-छात्राओं को दिलाई शपथ*

*इंडियन पब्लिक स्कूल में  विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा डेंगू मलेरिया को लेकर जागरूकता  कार्यक्रम संपन्न*

*घर में और पड़ोस में नहीं होने देंगे गंदगी ,छात्र-छात्राओं को दिलाई शपथ*
शिवपुरी  शिवपुरी जिले में डेंगू और मलेरिया का प्रकोप जारी है ऐसे में स्वास्थ्य विभाग  भी अपनी पूरी जिम्मेदारी निभाते हुए लोगों में अभियान के तहत जागरूकता जागृत करने का लगातार प्रयास कर रहा है शिवपुरी कलेक्टर शिल्पा गुप्ता के निर्देश एवं  मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी अर्जुन लाल शर्मा के  मार्गदर्शन में चलाए जा रहे जागरूकता  कार्यक्रम के तहत लोगों को बताया जा रहा है कि डेंगू और मलेरिया का मच्छर किस तरह से पैदा होता है और इनसे कैसे बचाव और सुरक्षा की जा सकती हैं  जागरूकता कार्यक्रम को  संबोधित करते हुए  विशेषज्ञ चिकित्सकों  ने  कहा कि डेंगू भी सिर्फ एक वायरल फीवर ही है इससे डरने की बिल्कुल आवश्यकता नहीं है और डेंगू और मलेरिया की समय सीमा भी 7 दिन है इस बीच आप जिला चिकित्सालय जाकर डेंगू और मलेरिया की जांच करा सकते हैं यहां पर व्यवस्था है डेंगू के मरीजों को यदि डिहाइड्रेशन जैसे लक्षण दिखाई देने लगे जैसे कि जी मतलाना उल्टी करने जैसा मन होना तब यह चिंता का विषय हो सकता है लेकिन इससे फिर भी घबराने की आवश्यकता नहीं है  इंडियन पब्लिक स्कूल में आए विशेषज्ञ चिकित्सक डॉक्टर जी आर माहौर (एचओडी कम्युनिटी मेडिसिन डिपार्टमेंट) द्वारा डेंगू फैलाने वाले मादा एडीज मच्छर की पहचान से लेकर डेंगू के चिन्ह व लक्षणों के विषय में विस्तार से बताया तत्पश्चात गोदरेज  इंडिया के सहयोग से फैमिली हेल्थ इंडिया द्वारा  शिवपुरी जिले में क्रियान्वित  एंबेड एलिमिनेशन ऑफ मॉस्किटो   बॉर्न एंडेमिक डिसीज के जिला समन्वयक डॉ विजय मिश्रा ने  बाकायदा डेमो देकर बताया कि डेंगू का मच्छर साफ पानी में होता है उन्होंने हाथ में ली हुई बोतल में भरे हुए पानी के अंदर डेंगू के लार्वा को दिखाया और उससे बचाव के उपाय भी बताए उन्होंने कहा कि यदि हम 7 सप्ताह के साथ घर के सभी पानी के बर्तन जिनमें 1000 लीटर से अधिक पानी आता है उनमें यदि सरसों का तेल या दूधिया कलर की एक दवा जिसका नाम है को मिला दे तो यह 7 दिन तक असर दिखाती है उन्होंने कहा कि डेंगू और मलेरिया को लेकर जिस तरह का भ्रामक प्रचार किया जा रहा है वह गलत है इससे घबराने की बिल्कुल आवश्यकता नहीं है डॉक्टर ने कहा कि एडी इजेटाइप  मच्छर के काटने से डेंगू होता है जो साफ पानी में पैदा होता है शरीर के निचले अंग में यह काट सकता है क्योंकि यह 3 फीट से ज्यादा ऊंचा नहीं उड़ सकता इसका जीवन 45 दिन का होता है और यह 3 किलोमीटर तक उड़ान भरकर जा सकता है और विशेष इसे टाइगर मॉस्किटो भी कहा जाता है क्योंकि इसके शरीर पर सफेद और काली धारियां होती है जिसकी वजह से इसे टाइगर मॉस्किटो भी कहते हैं
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*घर में स्वच्छता रखने की बच्चों और स्टाफ को दिलाई शपथ*
कार्यक्रम के अंत में वहां पर उपस्थित सभी छात्र-छात्राओं एवं इंडियन पब्लिक स्कूल के स्टाफ को अपने घर और आस पड़ोस में सफाई रखने की शपथ भी दिलाई गई  विशेषज्ञों का कहना था कि यदि आप अपने घर में साफ-सफाई रखते हैं तो इससे फर्क तो पड़ सकता है लेकिन इससे बचा नहीं जा सकता क्योंकि यदि पड़ोस में गंदगी है तो मच्छर पड़ोस से आकर आपसे पूछकर नहीं काटेगा  इसलिए जरूरी है कि हम अपने घर के अलावा आस पड़ोस में भी सफाई हेतु लोगों को जागरूक करें
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  *ऐसा करने से बचाव हो सकता है*
आईपीएस स्कूल में जागरूकता हेतु हुए उद्बोधन के दौरान विशेषज्ञ चिकित्सकों ने बताया कि डेंगू और मलेरिया से बचने की कुछ विशेष उपाय है जो सबको ध्यान रखने चाहिए
--अपने घर के पुराने कबाड़े में   रखे हुए छोटे-छोटे  डिब्बानुमा कचरे में पानी चेक करें क्योंकि यह उसमें हो सकता है
--घर के कूलर चेक करें यदि उसमें पानी नहीं है तो उन में लगी हुई जाली जो घास की बनी हुई होती हैं उन्हें निकालें और जला दे
यहां तक कि नारियल का जो जूटवाला पचरा  हम फेंक देते हैं उसमें भी कभी-कभी डेंगू का लारवा पनप जाता है उसे भी जलाकर  नष्ट करें
- घर से बाहर निकलते समय फुल आस्तीन के पेंट और शर्ट पहने जूते के साथ  जुराब अवश्य पहने क्योंकि डेंगू का मच्छर हमेशा शरीर के निचले हिस्से में ही काटता है
-- घर में यदि ज्यादा मात्रा में पानी है और उसे फेंकने की स्थिति में नहीं है तो उसके ऊपर सरसों के तेल  की कुछ बूंदें डाल सकते हैं जिससे एक परत बन जाती है और पानी के अंदर बैठा लारवा जैसे ही ऑक्सीजन लेने ऊपर आता है वह अधिकतम 6 घंटे में खत्म हो जाता है
-- गंबूजिया मछली बा टेमेफौज से भी लारवा  विनिष्टी करण  किया जा सकता है जिसका रोचक तरीका डॉक्टर विजय मिश्रा द्वारा बताया गया
कार्यक्रम में मेडिकल कॉलेज की टीम में शामिल डा. राजेश अहिरवार (एसोसिएट प्रोफ़ेसर ) एवं ड़ा. पवन, दीपक जोहरी, सतेन्द्र, एवं विवेक झा के अलावा आईपीएस स्कूल के प्राचार्य ओम प्रकाश कुशवाहा एवं संचालक जसवंत कुशवाहा के अलावा विद्यालय का पूरा स्टाफ उपस्थित रहा  जिन्होंने इस कार्यक्रम को सफल बनाने में पूरा सहयोग किया